दुआ शब्दो से नहीँ, दिल से होनी चाहिये. क्योंकि खुदा उनकी भी सुनता है, जो बोल नहीँ पाते.
सुख दुख तो अतिथि है, बारी बारी से आएंगे-चले जाएंगे. यदि वह नहीं आएंगे तो, हम अनुभव कहां से लाएंगे
सुख दुख तो अतिथि है, बारी बारी से आएंगे-चले जाएंगे. यदि वह नहीं आएंगे तो, हम अनुभव कहां से लाएंगे
• खुद को खुद ही खुश रखे. ये जिम्मेदारी किसी और को ना दे.
रिश्तों में
• रिश्तों में निख़ार सिर्फ हाथ मिलाने से नहीं आता, विपरीत हालातों में हाथ थामे रहने से आता है.
• समय इंसान को सफल नही बनाता है, समय का सही इस्तेमाल इंसान को सफल बनाता है.
• समय इंसान को सफल नही बनाता है, समय का सही इस्तेमाल इंसान को सफल बनाता है.
• मिट्टी के दीपक सा है ये जीवन, तेल खत्म खेल खत्म.
• कुछ अपने हैं, इसलिये चुप हैं, कुछ चुप हैं, इसलिये अपने हैं.
• तूफ़ान ज्यादा हो तो कश्तियां भी डूब जाती है, और अहम ज्यादा हो तो हस्तिया भी डूब जाती है.
• घोंसला बनाने में हम, यू मशगूल हो गए, की उड़ने को पंख भी है, वो भी भूल गए.
• दुआएँ मिल जाये सब की, बस यही काफी है, दवाएँ तो कीमत अदा करने पर मिल ही जाती हैं.
• मुझे रिश्तों की लम्बी कतारों से क्या मतलब, कोई दिल से हो मेरा, तो एक शख़्स ही काफ़ी है.
• विकल्प बहुत मिलेंगे मार्ग भटकाने के लिए, लेकिन, संकल्प एक ही काफ़ी है, लक्ष्य तक जाने के लिए.
• सब्र और सच्चाई, व्यक्ति को गिरने नहीं देती, ना किसी के कदमो में, और ना किसी की नज़रों में.

• तस्वीर के रंग चाहे जो भी हो, किन्तु मुस्कान का रंग हमेशा खुबसूरत ही होता है.
• जिन्दगी को खुला छोड़ दो जीने के लिए, बहोत सम्भाल कर रखी हुई चीज, वक़्त पर नहीं मिलती.
• सबसे ज़्यादा ग़ुस्सा उस वक़्त आता हैं. जब कोई ख़ुद ग़लत होकर भी, आपको ग़लत साबित करने की कोशिश करे.
• When Life is sweet, Say thank you and celebrate. When life is better, Say Thank you and grow.
Shahabuddin Ansari















0 Comments